Shopping Cart
Whats app Us Now
Free: +91-9887917255

BHASM PRAKARAN - भस्म प्रकरण

SWARN BHASAM 45 days dose - स्वर्ण भस्म 45 दिन की मात्रा

|| जय चक्रधारी ||स्वर्ण भस्म:- सुवर्णम,सोना,अग्निवीर्य,कनक,तापनीय,हेम, विश्व में अति प्राचीन काल से ही सोना सर्वाधिक विख्यात है,ऋग्वेद में भी स्वर्ण का अनेक स्थानों पे वर्णन है। ऐसा वर्णन मिलता है की जल के साथ अग्नि के मैथुन क्रम में अग्निवीर्य क्षरण हो गया और उसी से स्वर्ण की उत्तपत्ति हुई। महाभारत अदि पुराणों में स्वर्णभूषण धारण करने की बहु प्रचलित परंपरा थी। अतः कहा जा सकता है की हज़ारो वर्षो से स्वर्ण सर्वाधिक आकर्षक एवं अतिउपयोगी द्रव्य है।स्वर्ण के गुण:-१. यह लक्ष्मीप्रद है।२. स्वर्ण बुद्धि,कान्ति एवं स्मृतिप्रद है। ३. स्वर्ण से वीर्य बल बढ़ता है। ४ स्वर्ण के उपयोग से ख़राब जीवाणु का नाश होता है।  Gold Bhasam:-Gold is most famous in the world since long time, Suvarnam, Sona, Agnivirya, Kanaka, Tapaniya, Hem.Rigveda also describes gold in many places. It is described in ancient texts that Agnirvya occurred in the mating sequence of fire with water and from that, gold originated.In the Mahabharata, etc., the Puranas had a very popular tradition of wearing gold jewelery.Therefore, it can be said that from thousands of years, gold is the most attractive and superlative substance.Benefits of Gold: -1. It gives wealth.2. Gold increases intelligence, memory and health .3. Gold increases semen strength.4.Bad bacteria are destroyed by the use of gold. || ॐ का झंडा ऊँचा रहे || ..

₹12,500 Ex Tax: ₹11,905

Showing 1 to 1 of 1 (1 Pages)